Wednesday , September 28 2022

बिजली के निजीकरण हेतु संसद में रखे जा रहे इलेक्ट्रीसिटी (अमेण्डमेंट) बिल 2022 के विरोध में इंजीनियर संगठन ने जताया विरोध



राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर संगठन उत्तर प्रदेश

*आगामी संघर्ष कार्यक्रम की तैयारियो को लेकर केन्द्रीय कार्यकारिणी समिति की आपात अनलाइन बैठक आज 7 अगस्त,2022 को हुई सम्पन्न।

बिजली के निजीकरण हेतु संसद में रखे जा रहे इलेक्ट्रीसिटी (अमेण्डमेंट) बिल 2022 के विरोध में NCCOEEE  तथा All India Federation of Power Diploma Engineers के निर्देशन में प्रदेश भर के जूनियर इंजीनियर एवं प्रोन्नत अभियंताओं द्वारा किया जाएगा  08 अगस्त को विरोध प्रदर्शन।

सोनभद्र।  केंद्र सरकार द्वारा इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2022, 08 अगस्त को लोकसभा में रखे  जाने  के विरोध में   NCCOEEE  तथा All India Federation of Power Diploma Engineers के निर्देशन में प्रदेश भर के जूनियर इंजीनियर एवं प्रोन्नत अभियंता विरोध प्रदर्शन अनपरा तापीय परियोजना के मुख्य द्वार पर किया एवं जमकर प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की गई | आज राज्य विद्युत परिषद जूनियर दिनांक 07.08.2022 को जूनियर इंजीनियर संगठन उत्तर प्रदेश के केंद्रीय कार्यकारिणी समिति की ऑनलाइन माध्यम से की गई बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि केंद्र सरकार द्वारा विद्युत अधिनियम संशोधन विधायक 2022 जोकि निश्चित रूप से ऊर्जा क्षेत्र में निजीकरण को बढ़ावा देने वाला, कर्मचारी एवं अवर अभियंता संवर्ग के हितों को प्रभावित करने वाला, उपभोक्ताओं और किसानों को महंगी बिजली प्रदान करने वाला है., संगठन इसका पुरजोर विरोध करता है। *संगठन के अध्यक्ष ई सचिन राज एवं उपाध्यक्ष इं सत्यम यादव द्वारा संयुक्त रुप से बयान देते हुए* कहा कि इस विधेयक को  जल्दबाजी में संसद में न पारित कराया जाए और बिजली उपभोक्ताओं तथा बिजली कर्मचारियों सहित सभी स्टेकहोल्डर्स  से विस्तृत चर्चा करने हेतु इस बिल को संसद की बिजली मामलों की स्टैंडिंग कमेटी को संदर्भित कर दिया जाए | 
         उन्होंने बताया कि बिजली संविधान की समवर्ती सूची में है जिसका अर्थ यह होता है कि बिजली के मामले में क़ानून बनाने में केंद्र और राज्य का बराबर का अधिकार है | किन्तु इस बिल पर केंद्र सरकार ने किसी भी राज्य से कमेन्ट नहीं मांगे है और इसे 08 अगस्त को लोकसभा में रख कर पारित कराने की कोशिश है जो संसदीय परम्परा का खुला उल्लंघन है और साथ ही देश के संघीय ढाँचे पर चोट है | 
           All India Federation of Power Diploma Engineers  द्वारा लिये गये निर्णय के अनुसार 08 अगस्त को सभी ऊर्जा निगमों के तमाम अवर अभियंता व प्रोन्नत अभियन्ता कार्य छोड़कर कार्य स्थल से बाहर आ जायेंगे और विरोध प्रदर्शन करेंगे। इसके अतिरिक्त आगमी 10 अगस्त को राजधानी लखनऊ सहित सभी जनपदों व परियोजना मुख्यालयों पर अपराह्न 04 बजे से 06 बजे तक विरोध प्रदर्शन किया गया । अनपरा तापीय परियोजना के मुख्य द्वार पर विरोध प्रदर्शन में सैकड़ों की संख्या  अवर अभियंता एवं प्रोन्नति अभियंता मौजूद थे जिसमें मुख्य रुप से राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर संगठन शाखा अनपरा के अध्यक्ष इं सचिन राज, उपाध्यक्ष इं सत्यम यादव, केंद्रीय महासचिव इं अनूप वर्मा, सचिव इं ज्ञानेंद्र सिंह पटेल,वित्त सचिव धर्मेंद्र सिंह यादव,  संगठन सचिव मनोज पाल, इं राजेश सिंह लाल चंद  कुशवाहा, इं सत्येंद्र कुमार, इं दीपक बिंद इत्यादि मौजूद थे l

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