Wednesday , September 16 2026

महक उठीं अमराई देखो फाल्गुन आया—

सोनभद्र।सोन साहित्य संगम सोंनभद्र के तत्वाधान में विश्व कविता दिवस पर नगर स्थित कार्यालय में अवसर पर एक काब्य गोष्ठी/विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया जिसकी अध्यक्षता संस्था के निदेशक मिथिलेश प्रसाद द्विवेदी ने की एवम संचालन संस्था के संयोजक राकेश शरण मिश्र ने किया।

गोष्ठी की शुरुआत माँ सरस्वती के चित्र पर द्वीप प्रज्ज्वलन करके किया गया। इसके बाद कवि सरोज सिंह द्वारा सरस्वती वंदना गा के गोष्ठी का विधिवत आगाज किया गया। गोष्ठी में उपस्थित कवियों में मिथिलेश प्रसाद द्विवेदी,,सुशील राही, दिवाकर द्विवेदी मेघ विजयगड़ी, सरोज सिंह,प्रदीप धर द्विवेदी ने अपनी रचनाओं से सभी को काब्य रस में सराबोर कर दिया। सुशील राही ने ‘फागुन ने मुझे बुलाया मुझे आंख मार के “सुनाकर श्रोताओ को वाह वाह करने पर मजबूर कर दिया। वही सरोज सिंह सरोज ने “महक उठी अमराई देखो फागुन आया सुनाकर श्रोताओ को ताली बजाने पर विवश कर दिया।वही कवि दिवाकर द्विवेदी मेघ विजयगडी ने “मचल ह हल्ला भारी भैया कउआ ले गइल कान” सुनाकर वर्तमान राजनीतिक परिवेश जोरदार कटाक्ष किया। गोष्ठी का सफल संचालन कर रहे राकेश शरण मिश्र ने “भारत के अमर शहीदों की मैं कथा सुनाने आया हूँ” सुनाकर राष्ट्र भक्ति की भावना का संचार करते हुए श्रोताओ को वाह वाह कहने पर मजबूर कर दिया। गोष्ठी में विमला शिशु मंदिर के प्रधानाचार्य एस एन लाल ,दीपक सिंह,अनिल कुमार मिश्र, रामेश मिश्र, राजेश देव पांडेय, अनुराग, बच्चा चौबे,विकास केशरी, अभय सिंह आदि तमाम श्रोता उपस्थित रहे।

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